UK : हिन्दी दिवस पर सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज में हुआ भव्य कार्यक्रम

- “हिन्दी है भारत की शान, हिन्दी से बढ़ता देश का मान”
ऋषिकेश : सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज, आवास विकास, ऋषिकेश में हिन्दी दिवस के अवसर पर विविध कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं ने हिन्दी भाषा के महत्व, उसकी समृद्ध परंपरा, साहित्य तथा राष्ट्र निर्माण में हिन्दी की भूमिका पर अपने विचार व्यक्त किए। विद्यार्थियों ने हिन्दी के प्रति सम्मान एवं गौरव की भावना व्यक्त करते हुए विभिन्न स्लोगन, कविताएं एवं शायरी भी प्रस्तुत की।
“हिन्दी केवल भाषा नहीं, भारत की पहचान है,
माटी की खुशबू और संस्कृति का सम्मान है।”
कार्यक्रम में हिन्दी विषय की आचार्या रजनी गर्ग ने हिन्दी भाषा के इतिहास एवं विकास पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि हिन्दी भारतीय संस्कृति और साहित्य की समृद्ध परंपरा से जुड़ी भाषा है, जिसने देश के विभिन्न क्षेत्रों के लोगों को जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उन्होंने विद्यार्थियों से हिन्दी भाषा का अधिकाधिक प्रयोग करने तथा हिन्दी साहित्य के अध्ययन के लिए प्रेरित किया।
विद्यालय के प्रधानाचार्य उमाकांत पंत ने हिन्दी दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि भाषा हमारी संस्कृति, संस्कार और विचारों की अभिव्यक्ति का सशक्त माध्यम है। हिन्दी को सम्मान देना अपनी सांस्कृतिक विरासत को सम्मान देना है। उन्होंने विद्यार्थियों से दैनिक जीवन में हिन्दी के अधिकाधिक प्रयोग का आह्वान किया।
प्रधानाचार्य ने विद्यालय की प्रतिभावान छात्रा **बहिन सृष्टि रतूड़ी की उपलब्धि का विशेष रूप से उल्लेख करते हुए कहा कि यह विद्यालय परिवार के लिए अत्यंत गौरव का विषय है कि सृष्टि ने बोर्ड परीक्षा में हिन्दी विषय में 100 में से 100 अंक प्राप्त कर विद्यालय का नाम रोशन किया। उन्होंने बताया कि सृष्टि को इस उपलब्धि के लिए देहरादून स्थित मुख्यमंत्री कार्यालय में सम्मानित किया गया है तथा हिन्दी दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री आवास पर भी उसे सम्मानित किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि सृष्टि की उपलब्धि केवल उसके व्यक्तिगत परिश्रम का परिणाम नहीं, बल्कि विद्यालय के आचार्यों, अभिभावकों और पूरे विद्यालय परिवार के लिए गर्व का विषय है। उन्होंने कहा कि हिन्दी विषय में शत-प्रतिशत अंक प्राप्त करना यह दर्शाता है कि परिश्रम, लगन और उचित मार्गदर्शन से विद्यार्थी उत्कृष्ट उपलब्धियां हासिल कर सकते हैं।
प्रधानाचार्य ने सृष्टि की एक अन्य उपलब्धि का उल्लेख करते हुए बताया कि ‘मेरे सपनों का उत्तराखंड’ अभियान में प्रदेशभर के 2,67,744 विद्यार्थियों ने अपने निबंध एवं विचार प्रस्तुत किए थे। इस अभियान में विद्यालय की छात्रा सृष्टि रतूड़ी ने भी अपने विचार प्रस्तुत किए और शानदार प्रदर्शन करते हुए ₹3,500 का पुरस्कार प्राप्त किया। उन्होंने सृष्टि को शुभकामनाएं देते हुए अन्य विद्यार्थियों को भी उसके प्रयासों से प्रेरणा लेने का संदेश दिया।
विद्यालय के मीडिया प्रभारी नरेन्द्र खुराना ने बताया कि हिन्दी दिवस के अवसर पर विद्यालय में हिन्दी विषय पढ़ाने वाले सभी आचार्य-आचार्याओं को पटका पहनाकर एवं डायरी भेंट कर सम्मानित किया गया। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों में हिन्दी के प्रति प्रेम, सम्मान और भाषा के संस्कार विकसित करने में हिन्दी शिक्षकों की महत्वपूर्ण भूमिका है।
कार्यक्रम के दौरान छात्र-छात्राओं ने हिन्दी भाषा की उपयोगिता, साहित्य, संस्कृति और राष्ट्र की एकता में हिन्दी के योगदान पर अपने वक्तव्य भी रखे।इस अवसर पर डॉ. नागेन्द्र पोखरियाल, अजीत रावत, लक्ष्मी चौहान, रश्मि गुसाईं, मनोज पंत एवं सीमा कटारिया सहित विद्यालय के आचार्य-आचार्या उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के संदेश-
“हिन्दी का सम्मान करें, हिन्दी में संवाद करें।”
“हिन्दी अपनाएं, संस्कृति बचाएं।”
“जन-जन की यही पुकार, हिन्दी बने देश का आधार।”



