UK :रायवाला आर्मी कैम्प में अजगर का हमला, दो खरगोश निगले फिर किया रेस्क्यू
2 खरगोश निगल चुका था अजगर, फिर उन्ही के बिल में जा छुपा

- डॉ विनोद जुगलान ने सेना छावनी रायवला से अजगर को किया रेस्क्यू
- 3 खरगोशों पर किया हमला, 2 को निगल चुका था अजगर
रायवाला/ऋषिकेश : जहां दुश्मन भारतीय सेना से थर्राते हैं वहीं एक अजगर ने सेना के कैम्प में घुसपैठ कर डाली और 3 खरगोशों पर हमला कर दिया। दो को निगल गया फिर उन्हीं के बिल में छिप कर बैयः गया। सेना छावनी रायवाला पार गमन शिविर स्थित खरगोश गृह में मंगलवार की सुबह एक विशालकाय अजगर घुस आया।जिसकी सूचना सेना कर्मी ने नगर निगम ऋषिकेश के ब्रांड एम्बेसडर वन्यजीव विशेषज्ञ एवं सर्प मित्र डॉ विनोद प्रसाद जुगलान को दी।
सूचना का तत्काल संज्ञान लेते हुए सर्प मित्र अपने सहयोगी सैन्यकर्मी अखिल भण्डारी के साथ मौके पर पहुंचे।लेकिन तब तक अजगर ने तीन खरगोश को अपना शिकार बनाते हुए दो खरगोश निगलकर उन्हीं के बिल में जा छिपा था। जिसे कि मौके से सुरक्षित रेस्क्यू कर लिया गया।रेस्क्यू करते ही अजगर ने दोनों खरगोश को उगलते हुए दौड़ लगानी चाही लेकिन रेस्क्यूअर की तत्परता से उसे पुनः रेस्क्यू कर बड़े बोरे में बन्द कर सुरक्षित जंगल में प्राकृतिक सुवास प्रदान किया गया।सर्प मित्र डॉ जुगलान ने बताया कि रेस्क्यू किया गया इंडियन रॉक पाइथन प्रजाति का लगभग बीस किलो वजनदार विशालकाय विष रहित अजगर था।जो कि भोजन की तलाश में सैन्य छावनी में प्रवेश कर गया था।उन्होंने कहा कि बरसात में विष रहित और विषैले सांपों का खतरा बना रहता है।इसके लिए कार्यस्थल की स्वच्छता जरूरी है।बचाव के लिए सजगता और सावधानी महत्वपूर्ण है।किसी भी वन्यजीव की आमद पर स्वयं जोखिम न लेते हुए प्रशिक्षित रेस्क्यूअर या वन विभाग को सूचित करें।मौके पर कर्नल रोहित पन्त, सूबेदार मेजर राजकुमार श्रेष्ठ,हवादार रितेश चौहान,बिजेन्द्र सिंह बॉबी,अखिल भंडारी प्रमुख रूप से उपस्थित रहे। कर्नल रोहित ने अजगर रेस्क्यू करने पर डॉ जुगलान का आभार जताया।



