UK: चेतावनी के साथ अलकनंदा नदी में मलबा फेंके जाने के विरोध में उतरी UKD

ADVERTISEMENTS
- अलकनंदा नदी में मलबा फेंके जाने पर उक्रांद का कड़ा रुख, जिला प्रशासन को दी चेतावनी
चमोली : THDC की विद्युत परियोजना के तहत बिराही (दशोली) क्षेत्र में निर्माणाधीन सुरंगों से निकलने वाले मलबे को सीधे अलकनंदा नदी में फेंके जाने को लेकर उत्तराखंड क्रांति दल (उक्रांद) ने कड़ा ऐतराज़ जताया है। पार्टी ने इसे गंभीर पर्यावरणीय अपराध बताते हुए जिला प्रशासन से तत्काल कार्रवाई की मांग की है।उक्रांद के जिला महामंत्री सुबोध बिष्ट और जिला महामंत्री दीपक राणा ने संयुक्त बयान में कहा कि परियोजना में कार्यरत कंपनी द्वारा नदी में मलबा डालना न केवल कानून का उल्लंघन है, बल्कि इससे अलकनंदा नदी की पवित्रता, जलीय जीवन और स्थानीय लोगों के पेयजल स्रोतों पर सीधा खतरा पैदा हो गया है।

नेताओं ने कहा कि अलकनंदा नदी क्षेत्र की जीवनरेखा है और इस तरह का कृत्य NGT के दिशा-निर्देशों और पर्यावरण संरक्षण कानूनों की खुली अवहेलना है। उन्होंने जिला प्रशासन से मांग की कि दोषी कंपनी और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ तत्काल सख्त कार्रवाई की जाए तथा नदी में डाले गए मलबे को वैज्ञानिक तरीके से हटाया जाए।उक्रांद नेताओं ने जिला प्रशासन को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं की गई तो पार्टी जनहित में उग्र आंदोलन शुरू करने को बाध्य होगी, जिसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।




