UK : सभी जिलाधिकारी अपने जनपद के अंतर्गत ऐसे विद्यालयों की तत्काल मरम्मत कराएं,  जिन्हें मरम्मत की आवश्यकता है : मुख्य सचिव 

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देहरादून : मुख्य सचिव  आनन्द बर्द्धन की अध्यक्षता में मंगलवार को सचिवालय में जिलाधिकारियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक आयोजित हुयी। बैठक में विभिन्न विभागों के मुद्दों पर जिलाधिकारियों के साथ चर्चा हुयी एवं दिशा-निर्देश दिए गए। मुख्य सचिव ने सभी जिलाधिकारियों को अपने जनपद के अंतर्गत ऐसे विद्यालयों की तत्काल मरम्मत कराए जाने के निर्देश दिए हैं, जिन्हें मरम्मत की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि ऐसे विद्यालयों को प्राथमिकता पर लिया जाए जिनके आसपास कोई अन्य विद्यालय नहीं है। उन्होंने कहा कि शिक्षा विभाग द्वारा पूर्व में ही जनपदों के लिए कार्यदायी संस्थाएं नामित की गयी हैं।

मुख्य सचिव ने टिहरी जनपद के भ्रमण के दौरान जिलाधिकारी टिहरी द्वारा स्कूलों की मरम्मत के लिए शुरू की गयी मुहिम की सराहना करते हुए अन्य सभी जनपदों को भी कार्यदायी संस्थाओं द्वारा विभागीय स्तर पर टीएसी आदि करवा कर प्रस्ताव शासन को प्रेषित किए जाने के निर्देश दिए ताकि पूरे प्रोसेस में लगने वाले समय को कम कर तत्काल भवनों का मरम्मत कार्य शुरू किया जा सके। उन्होंने सचिव शिक्षा को निर्देश दिए कि एक साथ फंड्स रिलीज के लिए प्रस्तावों को जमा करने के बजाय जिन जनपदों के प्रस्ताव प्राप्त होते रहेंगे उनके लिए तत्काल फंड्स रिलीज कराए जाएं।

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मुख्य सचिव ने कहा कि टीबी मुक्त भारत अभियान को सफल बनाए जाने के लिए जनपदों द्वारा स्क्रीनिंग बढ़ाये जाने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि हाई रिस्क विलेज में अधिक से अधिक कैम्प आयोजित किए जाएं। उन्होंने टीबी स्क्रीनिंग में एक्स-रे मशीन का उपयोग बढ़ाए जाने के भी निर्देश दिए कहा कि टीबी स्क्रीनिंग में एनएसएस और एनसीसी  वॉलंटियर्स को शामिल किया जा सकता है। उन्होंने सचिव स्वास्थ्य को निर्देश दिए कि जिलाधिकारियों एवं जिला चिकित्सा अधिकारियों को किन किन बिन्दुओं को नियमित रूप से रिव्यू करना है, उन बिन्दुओं को जनपदों के साथ साझा कर लिया जाए।

मुख्य सचिव ने प्रदेश में 4 जुलाई से शुरू हो रहे सेवा पखवाड़ा को लेकर भी जिलाधिकारियों से चर्चा की। उन्होंने कहा कि सेवा पखवाड़ा को सफल बनाए जाने के लिए उसका पहले से उचित प्रचार प्रसार किया जाए ताकि सेवा पखवाड़ा के अंतर्गत लगने वाले बहुद्देश्यीय शिविरों का लाभ अधिक से अधिक लोग उठा सकें। उन्होंने कहा कि राज्य एवं केन्द्र सरकार की जनहित की योजनाओं की अधिक से अधिक जानकारी साझा की जाए एवं पात्र लोगों आवेदन कराया जाए।

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मुख्य सचिव ने मानसून सीजन की तैयारियों को लेकर भी सभी जिलाधिकारियों को दिशा निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी जिलों में भूस्खलन संभावित स्थलों, बाढ़ संभावित क्षेत्रों, नदी तटों एवं भू-कटाव वाले क्षेत्रों पर विशेष निगरानी रखी जाए। सभी आवश्यक उपकरण, मशीनों जेसीबी, पोकलैंड, डंपर, क्रेन एवं अन्य आवश्यक मशीनरी को पहले से ही संवेदनशील स्थानों पर तैनात रखा जाए। बार-बार बाधित होने वाली सड़कों के लिए वैकल्पिक मार्गों की व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि विद्युत, पेयजल, सड़क, दूरसंचार आदि के लिए प्लान बी भी तैयार रखा जाए, एवं किसी को भी कोई समस्या है तो, सम्बन्धित विभागीय सचिव से संपर्क कर समस्या का निस्तारण किया जाए।इस अवसर पर प्रमुख सचिव  आर. मीनाक्षी सुन्दरम, सचिव  शैलेश बगौली,  विनय शंकर पाण्डेय,  विनोद कुमार सुमन एवंश्री राजेन्द्र कुमार सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

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