अवैध खनन पर पूर्व सीएम त्रिवेंद्र के बयान का खनन सचिव ने किया कड़ा विरोध, बताया असत्य, निराधार और भ्रामक

ADVERTISEMENTS Ad
ख़बर शेयर करें -
  • अवैध खनन पर पूर्व मुख्यमंत्री और वर्तमान में हरिद्वार से सांसद त्रिवेंद्र रावत के बयान का खनन सचिव  (उत्त्तराखण्ड) ने किया कड़ा विरोध

नई दिल्ली/देहरादून। उत्तराखंड में अवैध खनन का मामला एक बार फिर तूल पकड़ चुका है। पूर्व मुख्यमंत्री और हरिद्वार से वर्तमान में लोकसभा सांसद त्रिवेंद्र सिंह रावत ने संसद में इस मुद्दे को जोरशोर से उठाते हुए केंद्र सरकार और राज्य प्रशासन को कटघरे में खड़ा कर दिया है। अपनी ही सरकार पर सवाल खड़े करने से हर कोई है। खास बात यह है खनन सचिव ने उनके बयान को असत्य, निराधार और भ्रामक करार दिया है।

ALSO READ:  UK : अपनी मांगों को लेकर उत्तराखंड स्वाभिमान मोर्चा के पदाधिकारियों ने मजिस्ट्रेट के माध्यम से मुख्यमंत्री  को ज्ञापन प्रेषित किया

उन्होंने विशेष रूप से देहरादून, हरिद्वार, नैनीताल और उधमसिंह नगर जिलों में रात के अंधेरे में दौड़ रहे अवैध खनन ट्रकों पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। उनका कहना है कि इस अवैध कारोबार को प्रशासन की मिलीभगत से संरक्षण मिल रहा है, जिससे सरकार को भारी राजस्व हानि हो रही है और पर्यावरण को भी नुकसान पहुंच रहा है।जिसके बाद राज्य खनन निदेशक बृजेश संत ने त्रिवेन्द रावत के बयान को असत्य, भ्रामक और निराधार करार दिया। ऐसे में त्रिवेंद्र के बयान पर कांग्रेस भी हमलावर हो गयी है।

ALSO READ:  UK : भारत की 16वीं जनगणना 2027 हेतु नगर निगम ऋषिकेश द्वारा कुल 170 एचएलबी (हाउस लिस्टिंग ब्लॉक) बनाए गए, 170 प्रगणक एवं 29 सुपरवाइजर नियुक्त

लेकिन, अपने ही सरकार के सिस्टम को कठघरे में खड़ा कर सांसद त्रिवेंद्र रावत ने खनन माफिया और प्रशासन की मिलीभगत का मुद्दा उठा कर धामी सरकार को ही निशाने पर ले लिया। अब यह देखना होगा कौन सही बोल रहा है कौन गलत।

Related Articles

हिन्दी English