ऋषिकेश : घर में टीवी मोबाइल रख सकते हो तो धार्मिक ग्रंथ रामायण भागवत गीता क्यों नहीं रख सकते :स्वामी आलोक हरि

ADVERTISEMENTS
ऋषिकेश : महंत स्वामी आलोक हरि जी महाराज जी ने कहा ईश्वर को पाने के लिए सद्भावना और परोपकार जरूरी है. भगवान श्री राम ने जीवन भर जो किया उसकी प्रेरणा लेकर हमें अपने जीवन को सुधारना चाहिए. मनुष्य का जीवन चरित्र श्री राम जैसे उत्कृष्ट होना चाहिए. तभी उनके जीवन में सफलता मिलती है.
उन्होंने कहा कि मनुष्य को सामूहिक भोजन और भजन को अपने दिनचर्या का अंग बनाना चाहिए. घर में टीवी मोबाइल रख सकते हो तो धार्मिक ग्रंथ रामायण भागवत गीता क्यों नहीं रख सकते? हर सनातनी के घर में ग्रंथ का होना आवश्यक है. इसका पाठ भी करना चाहिए. हर हिंदू को अपनी पहचान के लिए माथे पर तिलक लगाने की जरूरत है. गाय माता की सेवा अत्यंत महत्वपूर्ण है. मनुष्य जब वसुदेव कुटुंबकम के तहत कार्य करेगा तो निश्चित ही उसका उद्धार हो जाएगा. उन्होंने कहा कि हम जैसे तुच्छ दास को ब्रह्मा विष्णु महेश भगवान स्वरूप (महामंडलेश्वर स्वामी भक्त आनंद जी महाराज. आचार्य महामंडलेश्वर डॉ स्वामी साक्षी जी महाराज. महंत स्वामी विजय स्वरूप जी महाराज) गुरु मिले हैं. मेरी हर एक सांस गुरु जी के लिए समर्पित है. ऐसे ही मनुष्य को अपने माता-पिता और गुरुओं के प्रति समर्पित रहना चाहिए.



