यूपी : पढ़िए..सारस से बिछड़ने के बाद अमेठी के आरिफ का कौन बना नया दोस्त..

नया दोस्त भी घायलावस्था में ही आरिफ को मिला..

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खबर उत्तर प्रदेश के अमेठी जिले से है जहाँ सारस की दोस्ती से मशहूर हुए जामो के मंडखा गांव निवासी आरिफ को अब बाज के रूप में एक नया दोस्त मिल गया है। ये बाज भी आरिफ को घायलावस्था में ही मिला था। इलाज के बाद उन्होंने उसे आजाद किया लेकिन अब वह उनके साथ ही रह रहा है। आरिफ से पक्षियों की दोस्ती नये अफसाने गढ़ रही है।

गौरतलब हो कि सारस को तो वन विभाग द्वारा आरिफ से लेकर कानपुर चिड़ियाघर भेज दिया गया। लेकिन इसी बीच उन्हें अब नया दोस्त मिल गया है। यह दोस्त बाज है। पिछले एक माह से यह आरिफ के साथ ही रह रहा है। बाज उनके हाथ और कंधे पर बैठ जाता है। साथ -साथ रहता है। यहां तक खाना-पीना भी साथ ही करता है। इस बारे में पूछने पर आरिफ ने बताया कि माह भर पहले नसीराबाद से फोन आया कि यहां एक बाज पक्षी घायल है। मैं वहां गया और उसे साथ लेकर आया। वह किसी बाइक से टकराकर घायल हो गया था। मैं साथ लाया और गौरीगंज के सरकारी अस्पताल में उसका इलाज करवाया। जब वह चार पांच दिन में ठीक हो गया तो उसे हमने आजाद कर दिया लेकिन वह मेरे पास फिर आ गया। अब वह साथ ही रहता है। जब मन करता है चला जाता है, जब मन करता है आ जाता है। घर के आस पास ही मंडराता रहता है।

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आरिफ ने बताया कि सारस राजकीय पक्षी था, इसलिए उसे छीन लिया गया। उम्मीद है बाज को नहीं छीना जाएगा। इस बावत डीएफओ डीएन सिंह ने कहा कि बाज पाले जाने की सूचना नहीं है। नियमों को देखा जाएगा कि बाज किस श्रेणी में आता है।

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