UK : वैदिक ब्राह्मण महासभा ऋषिकेश का वार्षिक सम्मेलन श्री जनार्दन आश्रम दंडीवाडा में विधिवत सम्पन्न हुआ

- सैकड़ों ब्राह्मणों ने सम्मिलित होकर वैदिक संस्कृति के संरक्षण- संवर्धन का संकल्प लिया
- आज के समय में वैदिक सनातन परम्पराओं को बचाना बहुत बडी चुनौती है: आचार्य ममगाईं
- आज प्रमुख त्यौहारों व्रतोत्सवों को लेकर समाज मे कई प्रकार की भ्रांतियां फैल रही है. हम सबको एक मंच पर आकर उन भ्रांतियों का समाधान करना है-आचार्य ममगाईं
ऋषिकेश : मंगलवार को यानी दिनांक 17-03-2026 को वैदिक ब्राह्मण महासभा ऋषिकेश का वार्षिक सम्मेलन श्री जनार्दन आश्रम दंडीवाडा में विधिवत सम्पन्न हुआ. जिसमें सैकड़ों ब्राह्मणों ने सम्मिलित होकर वैदिक संस्कृति के संरक्षण- संवर्धन का संकल्प लिया. सर्व प्रथम ज्योतिषपीठाधीश्वर जगतगुरु शंकराचार्य ब्रह्मलीन स्वामी श्री माधवाश्रम महाराज के समाधि स्थल सभागार में कार्यक्रम के मुख्यातिथि प्रसिद्ध कथावाचक ज्योतिष पीठ के व्यास पूर्व राज्यमंत्री आचार्य शिव प्रसाद ममगाँई, कार्यक्रम अध्यक्ष पूर्व प्राचार्य महामहिम राष्ट्रपति पुरुस्कार से सम्मानित डॉक्टर ओमप्रकाश भट्ट ने पूर्व राज्यमंत्री आचार्य सुभाष जोशी वेदाचार्य मायाराम रतूड़ी काशी से पधारे दंडी स्वामी अनिरुद्धानंद तीर्थ केशव स्वरुप ब्रह्मचारी ने दीप प्रज्वलन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया.

उसके पश्चात वैदिक ब्राह्मण महासभा के सभी पदाधिकारियों द्वारा आये हुए सभी अतिथियों एवं वैदिक विद्वानों को उत्तरीय एवं पुष्पमाला पहनाकर सम्मानित किया गया. महामंत्री आचार्य शिव स्वरूप सेमवाल ने सभी आए हुए अतिथियों का स्वागत करते हुए वैदिक ब्राह्मण महासभा के कार्यों को बताया कि महासभा समाज में क्या – क्या कार्य करती है. इस शुभ अवसर पर व्याकरण के मूर्धन्य विद्वान पूर्व प्राचार्य महेन्द्र नारायण शुक्ल को ज्योतिष के क्षेत्र में पूर्व प्राचार्य जयकृष्ण सेमवाल को वेद के क्षेत्र में कार्य करने के लिए शिव कुमार मालवीय सहित सभी संस्कृत महाविद्यालयों/ विद्यालयों के प्रधानाचार्यों को महासभा द्वारा सम्मानित किया गया. मुख्य अतिथि आचार्य ममगाँई ने कहा कि वैदिक ब्राह्मण महासभा के द्वारा किये जा रहे प्रयास सराहनीय है. उन्होंने कहा आज के समय में वैदिक सनातन परम्पराओं को बचाना बहुत बडी चुनौती है. हम सब को मिलकर इसके लिए प्रयास करने होंगे. उन्होंने कहा कि आज प्रमुख त्यौहारों व्रतोत्सवों को लेकर समाज मे कई प्रकार की भ्रांतियां फैल रही है. हम सबको एक मंच पर आकर उन भ्रांतियों का समाधान करना है.

कार्यक्रम में अध्यक्षता करते हुए डॉक्टर ओम प्रकाश भट्ट ने कहा कि ब्राह्मण समाज का दर्पण होता है. हमारा आहार व्यवहार शुद्ध होगा तो समाज भी हमसे प्रेरणा लेगा. उन्होंने कहा कि हमारे यहाँ संस्कारों का पूजा पद्धति का बहुत बडा महत्व है. हमें समाज को उन महत्वों को बताना है. इस शुभ अवसर पर कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि पूर्व राज्य मंत्री आचार्य सुभाष जोशी आचार्य माया राम रतूड़ी, केशव स्वरूप ब्रह्मचारी दंडी स्वामी अनिरुद्धानंद तीर्थ आचार्य महेन्द्र नारायण शुक्ल आदि ने विचार रखे. आचार्य सुभाष चन्द्र डोभाल के संचालन में चल रहे इस कार्यक्रम में वैदिक ब्राह्मण महासभा के अध्यक्ष आचार्य जगमोहन मिश्रा महामंत्री आचार्य शिव प्रसाद सेमवाल, सुरेश पंत जमुना काँलौनी पूर्व महापौर अनिता ममगाँई, जयेन्द्र रमोला, लक्ष्मण सिंह चौहान प्रधानाचार्य डॉक्टर ओम प्रकाश पूर्वाल डाँक्टर जनार्दन कैरवान डॉक्टर गिरीश पाण्डेय केपी उनियाल, अभिषेक शर्मा , रमाबल्लभ भट्ट पार्षद रीना शर्मा, माधुरी गुप्ता, एल पी पूरोहित , संदीप शास्त्री महासभा के पूर्व अध्यक्ष गंगाराम व्यास, मणिराम पैन्यूली, महेश चमोली जितेन्द्र भट्ट राजेन्द्र पाण्डेय, मुकेश थपलियाल, हरेन्द्र भट्ट,आयुष कोठारी,सूरज विजल्वान, जगदीश जोशी, हर्षमणि नौटियाल, मनोज चमोली आदि लोग मौजूद रहे.



