ऋषिकेश : निजी ITI एक्यूमैन के संचालक कर रहे हैं मेरी प्रॉपर्टी के पते का गलत उपयोग : राणा जयेन्द्र सिंह
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ऋषिकेश : हरिद्वार रोड पर नेपाली फार्म के पास चल रही निजी आईटीआई संचालकों पर पूर्व भवन स्वामी ने उनके पते पर संस्थान (आटीआई) संचालित करने का आरोप लगाया है. नेपाली फार्म के पास मामला है खैरी खुर्द का.
ISBT परिसर में प्रेस क्लब में शनिवार को प्रेस वार्ता कर पत्रकारों को जानकारी देते हुए राणा जयेन्द्र सिंह ने आरोप लगाया कि उनके भवन के पते का इस्तमाल कर रहे हैं आईटीआई संचालक. ऐसे में आईटीआई की प्रमाणकिता पर भी उन्होंने सवाल उठाये हैं. आईटीआई (ITI) का नाम है एक्यूमैन आईटीआई, श्यामपुर ऋषिकेश. बताया जा रहा है इसमें इलेक्ट्रिशियन और फिटर का कोर्स होता है. बोर्ड में लिखा है भारत सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त (NCVT). हालाँकि पूर्व भवन स्वामी राणा जयेन्द्र सिंह ने आईटीआई की प्रमाणकिता पर भी सवाल उठाये हैं. ऐसे में कई छात्रों का भविष्य अँधेरे में होने का उन्होंने अंदेशा जाहिर किया है. क्यूनी 2022 -23 के दाखिले भी निरस्त हैं.
दरअसल, प्रेस वार्ता कर पूर्व भवन स्वामी राणा जयेन्द्र सिंह ने बताया, संपत्ति उनकी पत्नी सुनीता राणा के नाम पर है. आईटीआई का निदेशक/ चेयरमैन चंद्रशेखर है एवं उसके प्रतिनिधि अजय प्रकाश द्वारा राणा की संपत्ति के दुरुपयोग को रोके जाने के विषय पर पहले भी शासन प्रशासन से पत्राचार हो चुका है लेकिन अधिकारी आये, मौका मुयायना किया लेकिन मेरा पता उनके रिकॉर्ड से हटाया नहीं गया. ऐसे में हम किसी को प्रॉपर्टी देते हैं किराए पर तो वह ऑनलाइन चेक कर हमें कहता है आपकी प्रॉपर्टी पर तो आईटीआई संचालित हो रही है. ऐसे में पिछले तीन साल से हमारी प्रॉपर्टी खाली है. लेकिन सबसे महत्वपूर्ण बिंदु है अगर कल कोई गैरकानूनी काम येलोग करते हैं तो मेरे पते पर नोटिस आएगा. क्योँकि पता मेरा है. ऐसे में उन्होंने बताया न केवल पता पिछले तीन वर्ष से लाखों रुपये किराया भी नहीं दिया गया है. जो देना बनता है. राणा ने आरोप लगाते हुए कहा जो आईटीआई शिफ्ट कि गयी वह नियम विरुद्ध भी है. आप जगह को एक जगह से दूसरी जगह शिफ्ट नहीं कर सकते हैं.
उन्होंने बताया मेरी प्रॉपर्टी यानी जो भवन है जिसमें पहले आईटीआई संचालित होती थी वह ग्राम खैरी खुर्द तहसील ऋषिकेश थाना रायवाला में खाता संख्या 623 खसरा नंबर 165 में 342 वर्ग मीटर भूमि एवं उस पर बने भवन को आईटीआई औद्योगिक प्रशिक्षण के लिए उपरोक्त को किराए पर 2016 में दिया गया था. राणा द्वारा उपरोक्त किरायेदारी ही समाप्त कर आईटीआई संचालक जिसमें क्रॉसिंग रिपब्लिक गाजियाबाद निवासी निदेशक चंद्रशेखर और निहाल विहार दिल्ली निवास राममहाबल प्रजापति है और श्यामपुर स्थित खदरी खड़क माफ़ निवासी अजय प्रकाश हैं. इन लोगों ने संपत्ति को खाली कर दिनांक 9 / 8 /2020 को हमने संपत्ति का कब्जा उनसे वापस ले लिया गया था.इससे पहले एसडीएम,रायवाला थाना, विभाग सबजगह पत्राचार कर चुके राणा ने कहा अगर मेरे प्रॉपर्टी के नाम से पता नहीं हटाया और किराया नहीं दिया गया तो कानूनी नोटिस प्रक्रिया को वे अमल में लाएंगे. प्रेस वार्ता के दौरान राणा जयेन्द्र सिंह, बलदेव प्रसाद कुकरेती, एडवोकेट खुशाल सिंह कलूड़ा, सुप्रीम कोर्ट के अधिवक्ता राणा सुरेंद्र सिंह रहे मौजूद.