ऋषिकेश में वन विभाग का एक्शन मामला, मेयर शम्भू पासवान बोले, पीड़ा, आपकी चिंताएँ और आपकी भावनाएँ हम समझते हैं
लाखों लोगों के आशियाने छीनने की तलवार लटकी हुई है, वन विभाग ले रहा है खाली पड़े भूखंडों को कब्जे में

ऋषिकेश : सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद वन विभाग हरकत में आ गया है. पिछले तीन दिन से ऋषिकेश के ग्रामीण इलाके में लोगों की धडकनें बढी हुई हैं. ऐसे में जन प्रतिनिधि भी सामने आ रहे हैं लेकिन स्लो मोशन में….आंखिर सुप्रीम कोर्ट का मामला है. कुछ बोल भी नहीं सकते. ऋषिकेश मेयर शम्भू पासवान भी जनता के बीच शनिवार को पहुंचे. उन्हूने भी लोगों के बीच पहुँच अपनी बात रखी….कल ही कुछ जन प्रतिनिधि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मिलने भी पहुंचे थे. जिसमें स्थानीय विधायक और पूर्व मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल, कुसुम कंडवाल, प्रतीक कालिया इत्यादि लोग थे. ऐसे में मेयर पासवान जो शहर के पहले नागरिक भी हैं, उन्होंने प्रतिक्रिया दी है….
पासवान के मुताबिक़, ” मैं यह स्पष्ट रूप से कहना चाहता हूँ कि हम शुरुआत से ही आपके साथ खड़े हैं और आगे भी आपके साथ खड़े रहेंगे। आपकी पीड़ा, आपकी चिंताएँ और आपकी भावनाएँ हम समझते हैं।मैं यह भी कहना चाहता हूँ कि माननीय सुप्रीम कोर्ट एक स्वतंत्र और सम्मानित हैं , जिसमें सरकार या किसी जनप्रतिनिधि का प्रत्यक्ष हस्तक्षेप सीमित होता है। इसलिए इस विषय को संवेदनशीलता और कानूनी समझ के साथ ही आगे बढ़ाया जा सकता है।दुर्भाग्यवश, इस कठिन समय में कुछ लोग राजनीति दुर्भावना के कारण जनता को भ्रमित करने और भड़काने का प्रयास कर रहे हैं। मैं उनसे विनम्र अपील करना चाहता हूँ कि यह समय राजनीति करने का नहीं, बल्कि जनता के साथ खड़े होने का है।भले ही कानूनी प्रक्रियाएँ अपने नियमों से चलती हैं, फिर भी मैं आपको यह भरोसा दिलाता हूँ कि मैं व्यक्तिगत रूप से, नगर निगम के स्तर पर और एक जनप्रतिनिधि के रूप में आपके साथ खड़ा हूँ। आपकी बात को संवैधानिक और विधिक दायरे में रखते हुए संबंधित मंचों तक पहुँचाने का हर संभव प्रयास किया जाएगा।”



